रिपोर्ट रोहित टंडन नेशनल ब्यूरो हेड
लखनऊ, संसद के बगल की मस्जिद में अखिलेश यादव और उनके सांसदों की कथित मीटिंग पर विवाद बढ़ता जा रहा है. डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने अखिलेश को नमाजवादी बताया,।।। कहा- संविधान में साफ लिखा है कि हम धर्म का इस्तेमाल राजनीतिक उद्देश्यों के लिए नहीं करेंगे…लेकिन सपा मुखिया हमेशा संविधान का उल्लंघन करते रहे… उन्हें संविधान पर कोई भरोसा नहीं है…*
अखिलेश ने डिप्टी सीएम के बयान पर पलटवार किया…कहा- आस्था जोड़ती है…जो आस्था जोड़ने का काम करती है..हम उसके साथ हैं, लेकिन भाजपा चाहती है कि कोई न जुड़े, दूरियां बनी रहें… हम सभी धर्मों में आस्था रखते हैं। भाजपा का हथियार धर्म है…
