जब अमित शाह पंजाब को नशे पर भाषण दे रहे थे, उसी वक्त गुजरात में 3,000 करोड़ रुपये की 526 किलो ड्रग्स जब्त हुई: आप
भाजपा को नशे के मुद्दे पर पंजाब को बदनाम करना बंद करना चाहिए और देशभर के भाजपा शासित राज्यों से आ रहे नशे के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए: आप
चंडीगढ़, 30 सितंबर: आम आदमी पार्टी (आप) ने बुधवार को जालंधर में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की ‘नशा मुक्त पंजाब यात्रा‘ रैली के बाद पलटवार करते हुए उनसे पंजाब को राजनीतिक निशाना बनाना बंद करने और देश के दूसरे हिस्सों में चल रहे नशा नेटवर्क तथा उनकी जांच से जुड़े सवालों के जवाब देने की मांग की। आप ने कहा कि उसी दिन गुजरात एटीएस (एटीएस) और भारतीय तटरक्षक बल के संयुक्त अभियान के दौरान 3,000 करोड़ रुपये से अधिक कीमत की 526 किलो मेथाम्फेटामाइन और हेरोइन जब्त होने से एक बार फिर गुजरात के रास्ते चल रहे नशे के रूटों पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
एक बयान में आम आदमी पार्टी ने कहा, “अमित शाह आज पंजाब में नशे पर भाषण देने आए थे। ठीक उसी समय एक अभियान में 3,000 करोड़ रुपये से अधिक की 526 किलो हेरोइन और मेथाम्फेटामाइन जब्त की गई, जिसमें गुजरात एटीएस (एटीएस) ने खुफिया जानकारी मुहैया कराई थी। हम शुरू से ही कहते आए हैं कि गुजरात देश में नशे का एक बड़ा प्रवेश द्वार बनकर उभरा है। यह जब्ती एक बार फिर इस समस्या की गंभीरता को उजागर करती है। अगर अमित शाह सच में ‘नशा मुक्त भारत‘ के प्रति गंभीर हैं, तो उन्हें अपनी ‘नशा मुक्त यात्रा‘ पंजाब की बजाय गुजरात से शुरू करनी चाहिए।”
पार्टी ने कहा कि भगवंत मान सरकार ने नशा तस्करों की सप्लाई चेन नेटवर्क को पहले ही तोड़ दिया है और अब वे तस्कर पड़ोसी भाजपा शासित राज्यों की ओर भाग रहे हैं। अनुमान है कि पंजाब में मिलने वाली दवाओं की गोलियों और कैप्सूलों में से लगभग 80 फीसदी राज्य के बाहर से आते हैं, जिनके तार गुजरात, हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, दिल्ली और अन्य राज्यों से जुड़े हुए हैं। आप ने कहा, “पुराना पाकिस्तानी रूट अब वह बहाना नहीं रहा जिसे अमित शाह बार-बार इस्तेमाल करते रहें। पंजाब पुलिस ने सीमा पार से होने वाली सप्लाई को रोक दिया है और अब वह अंतरराज्यीय नशा नेटवर्क से निपट रही है। अगर दूसरे राज्यों से पंजाब में नशा आ रहा है, तो अमित शाह को उन राज्यों की सरकारों से पूछना चाहिए कि वे क्या कर रही हैं। इसके बजाय वे पंजाब आकर नशे के मुद्दे को राजनीतिक अभियान में बदल देते हैं।”
पार्टी ने यह भी कहा कि भाजपा को यह स्पष्ट करना चाहिए कि जब देश के दूसरे हिस्सों में बड़े पैमाने पर नशा जब्त हो रहा है, तो उसका नशा विरोधी अभियान पंजाब से ही शुरू और पंजाब पर ही खत्म क्यों होता है। आप ने कहा, “अगर अमित शाह सच में ‘नशा मुक्त भारत‘ चाहते हैं, तो उन्हें इन सवालों के जवाब देने चाहिए: पश्चिमी समुद्री रूट पर नशे की बड़ी-बड़ी खेपें क्यों पकड़ी जा रही हैं? दूसरे राज्यों से पंजाब में दवाओं के रूप में नशा क्यों आ रहा है? अंतरराज्यीय सप्लायरों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जा रही है? 6,000 करोड़ रुपये के ड्रग मामले की केंद्रीय जांच का क्या हुआ? ये वे सवाल हैं जिनके जवाब अमित शाह को पंजाब के खिलाफ भाषण देने की बजाय देने चाहिए।”
आप ने जोर देते हुए कहा, “पंजाब भाषण नहीं मांग रहा। पंजाब नशे के खिलाफ एक सामूहिक राष्ट्रीय लड़ाई की मांग कर रहा है। पंजाब को बलि का बकरा बनाना बंद करो। अपने राजनीतिक सहयोगियों को असुविधाजनक सवालों से बचाना बंद करो। और यह दिखावा करना बंद करो कि नशे की समस्या पंजाब की सीमा से शुरू होती है और वहीं खत्म हो जाती है। अगर अमित शाह सच में गंभीर हैं, तो उन्हें वहां कार्रवाई करनी चाहिए जहां सबूत ले जाते हैं— जिसमें गुजरात और पंजाब को नशा सप्लाई करने वाले अंतरराज्यीय नेटवर्क शामिल हैं।”
Prominent Journalist Amritpal Singh
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As a senior journalist and Director of Chardikala Time TV, he has played a vital role in strengthening Punjabi media at a global level.










