
रिपोर्ट – सुधा सिंह ब्यूरो चीफ
अयोध्या के पवित्र प्रेक्षागृह में उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, प्रयागराज संस्कृति मंत्रालय भारत सरकार द्वारा काशी–तमिल संगमम् के अंतर्गत भजन संध्या एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम भव्य रूप से आयोजित किया गया। इस विशेष अवसर पर तमिलनाडु से आए हजारों दर्शकों का अद्भुत संगम देखने को मिला, जिसमें दोनों प्रदेशों की सांस्कृतिक विरासत का अनूठा मेल प्रस्तुत हुआ।
कार्यक्रम में उत्तर मध्य क्षेत्र तथा दक्षिण क्षेत्र के कलाकारों ने अपनी विविध सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से वातावरण को भक्तिमय एवं ऊर्जा से परिपूर्ण बनाया।
इस भव्य आयोजन में अंतर्राष्ट्रीय भजन गायक दीनबंधु सिंह को उनकी संपूर्ण टीम के साथ विशेष रूप से आमंत्रित किया गया। दीनबंधु सिंह ने एक से बढ़कर एक उत्कृष्ट भजन प्रस्तुत कर पूरे सभागार को भाव-विभोर कर दिया।
कार्यक्रम के अंत में जब उन्होंने “मंगल भवन अमंगल हारी” की प्रस्तुति दी, तो पूरा हॉल जोरदार तालियों से गूंज उठा और श्रोताओं ने खड़े होकर उनका उत्साहवर्धन किया।
भजन गायक दीनबंधु सिंह के साथ वाद्ययंत्रों पर संगत संतोष, प्रिन्स, नीरज, प्रदीप एवं कृष्ण देव सिंह ने की, जिन्होंने अपनी उत्कृष्ट संगत से प्रस्तुति को और अधिक प्रभावशाली बनाया।
मंच संचालन देशदीपक जी द्वारा किया गया, जिन्होंने अपनी वाकशैली से कार्यक्रम को सुंदर रूप से संयोजित किया। इस कार्यक्रम में विशेष रूप से प्रांजल यादव शुभम एवं राजकुमार जी का विशेष योगदान रहा।
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी की पहल पर आयोजित काशी–तमिल संगमम् का उद्देश्य काशी और तमिल संस्कृति को एक सूत्र में पिरोना है, जिसे इस कार्यक्रम ने सफलतापूर्वक साकार किया।
कार्यक्रम की सफलता पर उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, प्रयागराज के निदेशक श्री सुदेश शर्मा ने अपनी प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन देश की सांस्कृतिक एकता और विविधता को और अधिक सुदृढ़ करते हैं।
